कसाई मंडी में मिले गौवंश के अवशेष, हिंदू संगठनों ने हनुमान चालीसा का पाठ कर जताया विरोध
दमोह के नूरी नगर-सिताबावरी इलाके में गोवंश के अवशेष मिलने के बाद हिंदू संगठनों और गौ भक्तों ने विरोध किया। घंटाघर क्षेत्र में हनुमान चालीसा का पाठ कर बाजार बंद कराया गया। पुलिस ने तीन संदिग्धों की पहचान और एक आरोपी को पकड़ने की जानकारी दी है।
गौवंश के अवशेष मिलने पर हिंदू संगठनों का विरोध
Damoh Cow Remains Case: मध्य प्रदेश के दमोह में गोवंश के अवशेष मिलने के बाद शनिवार को हिंदू संगठनों और गौ भक्तों ने विरोध प्रदर्शन किया। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र के नूरी नगर-सिताबावरी इलाके का है। प्रदर्शनकारियों ने घटना में शामिल आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की। विरोध के दौरान घंटाघर क्षेत्र में हनुमान चालीसा का पाठ किया गया और बाजार बंद रखने की अपील की गई। बाद में व्यापारी महासंघ ने भी बंद को समर्थन दिया।
गोवंश के अवशेष मिलने की सूचना
शनिवार सुबह बजरिया सात कसाई मंडी क्षेत्र में गोवंश के अवशेष मिलने की सूचना सामने आई। जानकारी मिलते ही हिंदू संगठनों और गौ भक्तों के सदस्य मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटना को लेकर नाराजगी जताई और पुलिस-प्रशासन से आरोपियों की पहचान कर जल्द कार्रवाई की मांग की।
विरोध प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने घंटाघर पर हनुमान चालीसा का पाठ किया। संगठन से जुड़े लोगों के मुताबिक, उनका मुख्य उद्देश्य मामले में आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और गोवंश से जुड़ी घटनाओं पर प्रभावी कार्रवाई की मांग करना था।
प्रदर्शनकारियों का दावा है कि जिस क्षेत्र में अवशेष मिले, वहां पहले भी गोवंश से जुड़ी घटनाएं सामने आ चुकी हैं। हालांकि, मामले की पूरी परिस्थितियों और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही होगी।
एक गाय को बचाने का दावा
विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष अजय खत्री ने बताय कि घटनास्थल से एक गाय को बचाया गया। उन्होंने दावा किया कि मौके पर एक गर्भवती गाय के अवशेष और उसके बच्चे का शव भी मिला। घटना के विरोध में कार्यकर्ताओं ने घंटाघर क्षेत्र में हनुमान चालीसा का पाठ किया। इसके बाद दुकानदारों से बाजार बंद रखने की अपील की गई। धीरे-धीरे कई व्यापारियों ने दुकानें बंद कर दीं।
पुलिस ने एक आरोपी को पकड़ा
दमोह के सीएसपी एचआर पांडे के मुताबिक, घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। पुलिस ने तीन संदिग्धों की पहचान किए जाने की बात कही है, जबकि एक आरोपी को हिरासत में लेने की जानकारी दी गई है। घटना में इस्तेमाल किए जाने वाले नीले रंग के ऑटो के बारे में भी जानकारी मिली है। अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच की जा रही है और उनकी तलाश जारी है। मामले में शामिल सभी लोगों के खिलाफ जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन पर लापरवाही के आरोप
विश्व हिंदू परिषद ने घटना को लेकर प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में पहले भी ऐसी घटनाओं की शिकायतें सामने आती रही हैं, लेकिन प्रभावी रोकथाम नहीं हो सकी। वहीं पुलिस का कहना है कि मामले में कार्रवाई शुरू कर दी गई है और एक आरोपी को पकड़ा जा चुका है।





