जबलपुर में विकास की नई रफ्तार, CM मोहन यादव ने 362 करोड़ की सीवेज परियोजना समेत कई बड़े प्रोजेक्ट किए शुरू
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने जबलपुर में 362 करोड़ रुपये की अमृत सीवेज परियोजना सहित कई विकास कार्यों का लोकार्पण किया। उन्होंने भर्ती, सांदीपनि विद्यालय, मेट्रोपोलिटन सिटी, मेडिकल यूनिवर्सिटी और फर्नीचर क्लस्टर जैसी बड़ी घोषणाएं भी कीं।
CM Announcement Jabalpur Development Projects
Jabalpur Development Projects: जबलपुर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर के विकास को एक नई रफ्तार देने के लिए कई अहम परियोजनाओं का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार आधुनिक बुनियादी ढांचे के साथ साथ स्वच्छता, शिक्षा, रोजगार और पर्यावरण संरक्षण पर भी एक साथ काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले कुछ सालों में जबलपुर, प्रदेश के सबसे विकसित शहरों में गिना जाएगा।
362 करोड़ की सीवेज परियोजना से बदलेगी शहर की तस्वीर
मुख्यमंत्री ने घंटाघर वाले गीता भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान 362.31 करोड़ रुपये की लागत से तैयार अमृत 1.0 सीवेज प्रोजेक्ट का लोकार्पण किया। इसी मौके पर कठौंदा, ललपुर और तेवर में लगाए गए तीन आधुनिक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट भी जनता को समर्पित किए गए।
सरकार के मुताबिक, इस पहल से लगभग 89 हजार परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा। बेहतर सीवेज प्रबंधन होने से शहर की स्वच्छता व्यवस्था पहले से ज्यादा मजबूत होगी और नागरिकों को आधुनिक शहरी सुविधाएं मिलने लगेंगी।
व्यापारियों को मिली आधुनिक सुविधाओं की सौगात
मुख्यमंत्री ने सिविल लाइन क्षेत्र में आधुनिक लॉन्ड्री सुविधा का शुभारंभ किया। इसके साथ ही गुरंदी में 2.5 करोड़ रुपये की लागत से बने नए पक्के मछली बाजार का उद्घाटन भी किया गया।
इस बाजार में 55 व्यापारियों के लिए व्यवस्थित और आधुनिक दुकानों का इंतजाम रहेगा, ताकि स्थानीय व्यापार को रफ्तार मिले और कारोबारियों को काम करने का अच्छा माहौल मिल सके।
पर्यावरण संरक्षण को लेकर दिया गया बड़ा संदेश
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पर्यावरण संरक्षण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश हरियाली बढ़ाने को लेकर लगातार प्रयास कर रहा है और नई तकनीक से एक एकड़ भूमि में 10 से 12 हजार पौधे लगाए जा सकते हैं।
उन्होंने लोगों से ज्यादा से ज्यादा पौधारोपण करने की अपील भी की। साथ ही यह भी कहा कि प्रदेश की नदियों और जंगलों का संरक्षण आने वाले समय की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।
शिक्षा और सरकारी भर्ती पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की हर विधानसभा में सांदीपनि विद्यालय बनाए जाएंगे। इन स्कूलों में निजी स्कूलों जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
साथ ही उन्होंने बताया कि सरकार जल्द ही 10 हजार शिक्षकों और 18 हजार पुलिसकर्मियों की भर्ती करेगी। इसके अलावा करीब ढाई लाख अधिकारियों और कर्मचारियों के पदोन्नति वाले मामलों को भी आगे बढ़ाया जाएगा, ताकि युवाओं और कर्मचारियों दोनों को फायदा हो।
जबलपुर को मिलेगा मेट्रोपोलिटन सिटी का स्वरूप
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार अगले एक वर्ष में जबलपुर को मेट्रोपोलिटन सिटी के रूप में विकसित करने की दिशा में तेज़ी से काम करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि जबलपुर मेडिकल यूनिवर्सिटी को आगे चलकर AIIMS स्तर की संस्था में बदलने की योजना पर भी कार्य चल रहा है।
इसके साथ मदनमहल क्षेत्र में आधुनिक चिड़ियाघर और रेस्क्यू सेंटर विकसित किया जाएगा। शहर में फर्नीचर क्लस्टर स्थापित करने की रूपरेखा भी तैयार की गई है, जिससे उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे।