तीन बच्चों के साथ कुएं में कूदी महिला, मां समेत दो बच्चों की मौत; तीसरी बच्ची बची
दमोह जिले के जमुनिया गांव में 28 वर्षीय मंजू और उसके दो बच्चों की कुएं में हुई घटना के बाद मौत हो गई, जबकि पांच साल की बेटी आरुषि को ग्रामीणों ने बचा लिया। पति ने किसी विवाद से इनकार किया है, वहीं मृतका की मां ने मारपीट के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

तीनों शवों को ट्रैक्टर ट्रॉली से अस्पताल ले जाया गया।
Mother and Two Children Die: मध्य प्रदेश के दमोह जिले के जमुनिया गांव में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक घटना सामने आई। यहां 28 वर्षीय महिला मंजू और उसके तीन बच्चे कुएं में मिले। हादसे में मंजू, उसकी चार साल की बेटी अन्नू और तीन साल के बेटे अनुज की मौत हो गई, जबकि पांच साल की बेटी आरुषि को ग्रामीणों ने सुरक्षित बचा लिया। पुलिस घटना के कारणों की जांच कर रही है।
ग्रामीणों ने बच्ची की आवाज सुनकर की मदद
जानकारी के मुताबिक, सुबह प्रभात फेरी के लिए निकले लोगों को आरुषि की आवाज सुनाई दी। इसके बाद ग्रामीण कुएं के पास पहुंचे और चारों को बाहर निकालने में मदद की। सभी को पथरिया स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मंजू, अन्नू और अनुज को मृत घोषित कर दिया। आरुषि का बच जाना परिवार के लिए इस मुश्किल घड़ी में एकमात्र राहत है।
बची हुई बच्ची ने बताई घटना की बात
घटना में सुरक्षित बची आरुषि ने बताया कि उसकी मां ने पहले बच्चों को कुएं में धकेला और फिर खुद भी उसमें चली गई। हालांकि, घटना के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
सुबह गांव की महिलाओं ने पति को दी सूचना
मंजू के पति नेतराम उर्फ निजाम सिंह गौण ने बताया कि सुबह करीब पांच बजे गांव की कुछ महिलाएं उनके घर पहुंचीं और पत्नी व बच्चों के कुएं में होने की जानकारी दी। इसके बाद वह घटनास्थल पर पहुंचे। ग्रामीणों की मदद से सभी को बाहर निकालकर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। नेतराम मजदूरी करते हैं। उनके मुताबिक, उनके और मंजू के बीच किसी तरह का विवाद नहीं था। उन्हें यह जानकारी भी नहीं है कि आखिर ऐसी घटना क्यों हुई। मंजू की सास अनूप रानी ने भी घटना की वजह के बारे में अनभिज्ञता जताई।
मां ने दामाद पर लगाए मारपीट के आरोप
बता दें, मंजू की मां उमा रानी ने आरोप लगाया कि उनका दामाद शराब पीकर बेटी के साथ मारपीट करता था। पहली बेटी के जन्म के समय मंजू मायके में थी। करीब एक साल बाद दामाद उसे अपने साथ ले गया। शराब नहीं पीने और मारपीट नहीं करने का भरोसा दिया था। लेकिन बाद में फिर मारपीट शुरू कर दी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बेटी और बच्चों की मौत की जानकारी उन्हें ससुराल पक्ष से नहीं मिली, बल्कि दूसरे गांव के एक व्यक्ति से घटना का पता चला।
पुलिस ने शुरू की जांच
वहीं, पथरिया थाना प्रभारी महेंद्र जगेत स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। पुलिस ने मृतकों के शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे हैं और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल घटना के पीछे की वजह सामने नहीं आई है। पुलिस मामले से जुड़े तथ्यों और परिजनों के बयानों के आधार पर जांच कर रही है।
