पन्ना टाइगर रिजर्व में बाघिन और शावकों का दीदार, तुर्किए के पर्यटक बोले- जिंदगी का यादगार पल
पन्ना टाइगर रिजर्व के अकोला गेट के पास बाघिन P-652 अपने दो शावकों के साथ नजर आई। जंगल सफारी के दौरान तुर्किए से आए पर्यटकों ने इस नजारे को करीब से देखा। इसे अपनी यात्रा का बेहद खास और यादगार अनुभव बताया।

तुर्किए के पर्यटकों ने जंगल सफारी में यादगार नजारे का अनुभव किया।
Panna Tiger Reserve News: मध्य प्रदेश के पन्ना टाइगर रिजर्व में विदेशी पर्यटकों को जंगल सफारी के दौरान ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसे वे लंबे समय तक याद रखेंगे। अकोला गेट के पास बाघिन P-652 अपने दो नन्हे शावकों के साथ नजर आई। बाघिन को इतनी नजदीक देखकर पर्यटक पहले हैरान और सतर्क हुए, लेकिन कुछ ही देर में यह अनुभव उनके लिए बेहद खास बन गया।
सफारी के दौरान सामने आई बाघिन
बता दें, गुरुवार को पन्ना टाइगर रिजर्व में सफारी के दौरान बाघिन P-652 अपने दो शावकों के साथ दिखाई दी। जंगल के प्राकृतिक वातावरण में बाघिन और शावकों की मौजूदगी ने पर्यटकों का ध्यान खींच लिया। इस दुर्लभ वन्यजीव दृश्य को देखकर पर्यटक रोमांचित हो उठे।
पहले घबराए, फिर खुशी से भर गए पर्यटक
तुर्किए से आए पर्यटकों ने कहा कि बाघिन को अपने शावकों के साथ करीब से देखना अप्रत्याशित अनुभव था। शुरुआती हैरानी के बाद उन्होंने इस पल को अपनी यात्रा का यादगार हिस्सा बताया। जंगल में वन्यजीवों को उनके प्राकृतिक व्यवहार में देखना सफारी के सबसे खास अनुभवों में गिना जाता है।
पन्ना टाइगर रिजर्व की बढ़ रही पहचान
पन्ना टाइगर रिजर्व अपनी समृद्ध जैव विविधता और बाघों की मौजूदगी के लिए जाना जाता है। यहां आने वाले पर्यटकों को जंगल के प्राकृतिक परिवेश में वन्यजीवों को देखने का अवसर मिलता है। बाघिन और उसके शावकों का यह नजारा भी वन्यजीव पर्यटन के आकर्षण को दर्शाता है।
बाघ और अन्य वन्यजीवों को उनके प्राकृतिक आवास में देखना रोमांचक होता है, लेकिन पर्यटकों के लिए वन विभाग के निर्देशों का पालन करना जरूरी है। वन्यजीवों से सुरक्षित दूरी बनाए रखना और उनके प्राकृतिक व्यवहार में हस्तक्षेप न करना जंगल सफारी का अहम हिस्सा है।


