नशे का ऐसा जुनून! स्मैक खरीदने के लिए गिरवी रख दी बाइक, सागर पुलिस ने ऐसे किया तस्करी का खुलासा
सागर जिले के देवरी में पुलिस ने एमपी-राजस्थान स्मैक तस्करी नेटवर्क का खुलासा किया है। आरोपियों से 30 ग्राम स्मैक बरामद हुई। स्मैक खरीदने के लिए बाइक गिरवी रखकर रकम जुटाई गई थी। अब तक दिनेश साहू, छोटू यादव और उमेश गिरफ्तार हुए हैं, जबकि सुरेश और राकेश फरार हैं।


पुलिस ने पकड़े दो आरोपी
Smack Trafficking Network Busted in MP: नशे की लत युवाओं को किस हद तक ले जा सकती है, इसका खुलासा मध्य प्रदेश के सागर जिले में हुआ है। यहां पुलिस ने बाइक के जरिए स्मैक की सप्लाई करने वाले नेटवर्क का खुलासा किया है। जांच में पता चला कि नशे के आदी युवक स्मैक खरीदने के लिए अपनी बाइक तक गिरवी रख रहे थे। राजस्थान के झालावाड़ से जुड़े इस मामले में अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि दो अन्य की तलाश जारी है।
पेट्रोल पंप के पास पुलिस ने पकड़े दो आरोपी
जानकारी के अनुसार, सागर जिले के देवरी क्षेत्र में पुलिस को लंबे समय से स्मैक की सप्लाई होने की शिकायतें मिल रही थीं। 4 अक्टूबर को मुखबिर से सूचना मिलने के बाद पुलिस ने रहली रोड स्थित रजौला पेट्रोल पंप के पास कार्रवाई की। यहां दिनेश साहू और छोटू उर्फ तिलक यादव को पकड़ा गया। तलाशी के दौरान दोनों के पास से 15-15 ग्राम स्मैक बरामद हुई। कुल 30 ग्राम मादक पदार्थ मिलने के बाद पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर पूछताछ शुरू की।
स्मैक खरीदने के लिए गिरवी रख दीं बाइकें
थाना प्रभारी कपिल लाक्षाकार ने बताया कि दिनेश और छोटू खुद भी स्मैक का सेवन करते थे। दोनों देवरी के छीर निवासी राकेश लोधी के लिए भी स्मैक लेने राजस्थान गए थे। जांच में सामने आया कि स्मैक खरीदने के लिए राकेश ने 10 हजार रुपये दिए थे। वहीं, छोटू ने अपनी बाइक गिरवी रखकर 10 हजार रुपये और दिनेश ने बाइक गिरवी रखकर 15 हजार रुपये जुटाए थे। इस तरह नशे की खरीद के लिए रकम का इंतजाम किया गया।
झालावाड़ के जंगल में हुई 30 हजार रुपये की डील
पूछताछ में पुलिस को पता चला कि दिनेश 2 अक्टूबर को बस से राजस्थान के झालावाड़ पहुंचा था। वहां उसकी मुलाकात सुरेश और उमेश नाम के लोगों से हुई। दोनों उसे बॉर्डर से बाइक पर बैठाकर झालावाड़ के घाटोली-दुर्जनपुर क्षेत्र के सुनसान जंगल में ले गए। जंगल में उमेश 30 हजार रुपये में 30 ग्राम स्मैक लेकर आया और दिनेश को सौंप दी। इसके बाद दिनेश को वापस बॉर्डर तक छोड़ा गया। वहां से बस पकड़कर वह सागर जिले के देवरी लौट आया।
स्मैक बांटते समय पुलिस ने की कार्रवाई
बता दें, देवरी पहुंचने के बाद दिनेश ने स्मैक का आधा हिस्सा छोटू को दे दिया। दोनों बाकी स्मैक राकेश लोधी तक पहुंचाने जा रहे थे, तभी रजौला पेट्रोल पंप के पास पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। आरोपी स्मैक को एक-एक ग्राम की छोटी पुड़िया में बांटकर बेचते थे। इन पुड़ियों की कीमत 150 से 200 रुपये तक रखी जाती थी। जांच में यह भी सामने आया कि नशे के आदी युवकों को सप्लाई के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था।
राजस्थान में दबिश
साथ ही पूछताछ के दौरान मिले सुरागों के आधार पर देवरी पुलिस ने राजस्थान में भी दबिश दी और झालावाड़ से उमेश को गिरफ्तार कर लिया। इस तरह मामले में अब तक दिनेश साहू, छोटू उर्फ तिलक यादव और उमेश की गिरफ्तारी हो चुकी है।
दो आरोपी अब भी फरार
पुलिस के अनुसार, देवरी में स्मैक सप्लाई की शिकायतों के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई की। शुरुआती जांच में गिरोह के तार राजस्थान के झालावाड़ से जुड़े मिले हैं। इस नेटवर्क में कथित सरगना सुरेश निवासी राजस्थान और राकेश उर्फ भजिया लोधी निवासी देवरी की तलाश की जा रही है। दोनों को जल्द गिरफ्तार करने के प्रयास जारी हैं।


