CM मोहन यादव ने किया शस्त्र पूजन, कहा- ताकत से ही सुरक्षित हैं अधिकार
विजयादशमी पर सीएम मोहन यादव ने कहा कि नागरिकों के अधिकार तभी सुरक्षित हैं जब देश शक्तिशाली हो। सीएम हाउस में हुआ शस्त्र पूजन

शस्त्र पूजन अनुष्ठान में शामिल मुख्यमंत्री मोहन यादव
विजयादशमी 2026 के मौके पर मुख्यमंत्री निवास में कुछ खास तरह का अनुष्ठान हुआ, और ये सब शास्त्रों के हिसाब से ही चला, हाँ थोड़ा सा सा शोरगुल भी था फिर भी माहौल शांत रहा. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सीएम हाउस में कन्या पूजन किया, उसके बाद तुरंत ही पारंपरिक शस्त्र पूजन की रस्म भी पूरी हो गई। उन्होंने प्रदेश और देश की जनता को दशहरे की बधाई देते हुए हर नागरिक की सुरक्षा, अमन, और खुशहाली का आशीर्वाद/कामना की। उनका कहना था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कड़े नेतृत्व में राष्ट्र हर मोर्चे पर बढ़ रहा है, और राज्य सरकार भी सुरक्षा तथा जनसेवा की योजनाओं को पूरी मजबूती से लागू कर रही है ।
सामरिक ताकत और जवानों की शहादत को नमन वाला भाग
देश की हिफाजत और कानून व्यवस्था की बात करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक गंभीर बयान दिया। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक समाज में नागरिकों के मूल अधिकार तभी ठीक-ठाक तरीके से सुरक्षित रह पाते हैं, जब देश अपनी संप्रभुता की रक्षा करने के लिए पर्याप्त सामरिक शक्ति रखता हो. इसके बाद उन्होंने भारतीय सेना और अर्धसैनिक बलों के शौर्य की सराहना की, और ये भी कहा कि जवानों की शहादत से मुल्क का गौरव बढ़ता है, साथ ही लोकतंत्र को एक अडिग सुरक्षा घेरे जैसा सहारा मिलता है।
असत्य पर सत्य की विजय और न्याय का राज, रामराज्य की बात भी आई
अपने संबोधन में उन्होंने ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य से भगवान राम के धर्मयुद्ध, और रावण पर मिली विजय को नमन किया। उनका कहना था कि विजयादशमी का दिन बस उत्सव नहीं बल्कि न्याय की स्थापना और रामराज्य की सुरक्षा व्यवस्था को शुरुआत देने वाला क्षण है। हर नागरिक को भगवान राम के अनुशासित, न्यायपूर्ण जीवन से प्रेरणा लेनी चाहिए, इसी क्रम में उन्होंने ये भी कहा कि अंतिम पंक्ति में खड़े निर्धन व्यक्ति को न्याय और राहत मिले, और सबके जीवन से कष्टों का अंत हो जाए।
संघ के स्थापना दिवस पर सुरक्षा, सेवा का स्मरण
इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) का भी उल्लेख किया। उन्होंने ये बात रखी कि देश और संस्कृति की रक्षा के भाव के साथ विजयादशमी के समय ही संघ की नींव पड़ी थी, और इसलिए ये दिन खास मायने रखता है। इसी अवसर पर उन्होंने संघ के तमाम स्वयंसेवकों समेत पूरे देशवासियों को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दीं।
समापन पर सुदृढ़ कानून और मध्य प्रदेश की खुशहाली का भरोसा
कार्यक्रम के आख़िर में मुख्यमंत्री ने भारतीय परंपरा, शौर्य पूजन, सीमा सुरक्षा और नागरिक कल्याण के संकल्पों को एक साथ जोड़कर बात की। उन्होंने उम्मीद व्यक्त की कि मध्य प्रदेश आगे भी सुरक्षित, शांत और तेजी से प्रगति करता हुआ राज्य बने। अंत में उन्होंने फिर से सभी नागरिकों को दशहरे की हार्दिक शुभकामनाएं दीं ।
