Facebook-Instagram की पैरेंट कंपनी Meta पर 25 अरब डॉलर का जुर्माना, जानें क्या है मामला ?
Facebook और Instagram की पैरेंट कंपनी Meta पर अमेरिका के न्यू मैक्सिको की अदालत ने 25 अरब डॉलर का जुर्माना लगाया है। मामला Facebook पर डेटा प्राइवेसी और उपभोक्ताओं को कथित तौर पर गुमराह करने से जुड़ा है।


Meta पर लगा 25 अरब डॉलर का जुर्माना
Meta $25 Billion Privacy Verdict: Facebook और Instagram की पैरेंट कंपनी Meta को अमेरिका में बड़ा कानूनी झटका लगा है। न्यू मैक्सिको की अदालत ने कंपनी को 25 अरब डॉलर का जुर्माना भरने का आदेश दिया है। यह मामला Facebook पर यूजर्स की निजी जानकारी के इस्तेमाल, डेटा सुरक्षा और उपभोक्ताओं को कथित तौर पर गुमराह करने से जुड़ा है। Meta ने फैसले के खिलाफ अपील करने की बात कही है।
Meta पर क्यों लगा 25 अरब डॉलर का जुर्माना?
बता दें, यह मामला अमेरिका के न्यू मैक्सिको राज्य में दायर मुकदमे से जुड़ा है। राज्य के अधिकारियों ने आरोप लगाया था कि Facebook ने यूजर्स को उनके निजी डेटा के संग्रह, इस्तेमाल और शेयरिंग के तरीके के बारे में भ्रामक जानकारी दी।
25 सितंबर 2026 को जूरी ने कंपनी को राज्य के उपभोक्ता संरक्षण कानून के 4.38 करोड़ से अधिक उल्लंघनों के लिए जिम्मेदार ठहराया। इसके बाद 21 अक्टूबर को अदालत ने 25 अरब डॉलर का जुर्माना निर्धारित किया। यह फैसला Meta की डेटा प्राइवेसी नीतियों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
Cambridge Analytica विवाद से जुड़ा है मामला
जानकारी के अनुसार, इस मुकदमे की पृष्ठभूमि में वर्ष 2018 का Cambridge Analytica विवाद भी शामिल है। उस मामले में एक थर्ड-पार्टी ऐप के जरिए लगभग 8.7 करोड़ Facebook प्रोफाइल की जानकारी हासिल किए जाने और राजनीतिक विज्ञापनों के लिए उसका इस्तेमाल होने की बात सामने आई थी।
इस घटना के बाद Facebook के डेटा प्रबंधन और बाहरी ऐप्स को यूजर्स की जानकारी तक पहुंच देने की प्रक्रिया पर व्यापक सवाल उठे। न्यू मैक्सिको के मुकदमे में भी कंपनी के डेटा संबंधी दावों और यूजर्स को दी गई जानकारी की सत्यता पर ध्यान केंद्रित किया गया।
अदालत ने Meta को किन बातों के लिए जिम्मेदार माना?
जूरी के निष्कर्षों के मुताबिक, Facebook ने यूजर्स को उनकी निजी जानकारी पर नियंत्रण और डेटा की सुरक्षा के बारे में कई भ्रामक बयान दिए थे। मामले में कंपनी के डेटा इस्तेमाल के साथ-साथ प्लेटफॉर्म पर गलत जानकारी और हेट स्पीच से निपटने के दावों को भी जांच के दायरे में रखा गया।
अदालत ने कंपनी के उल्लंघनों की गंभीरता और उनके व्यापक प्रभाव को ध्यान में रखते हुए 25 अरब डॉलर का जुर्माना तय किया। हालांकि, यह फैसला न्यू मैक्सिको के उपभोक्ता संरक्षण कानून के तहत आया है; इसे दुनिया भर के सभी Facebook और Instagram यूजर्स का डेटा लीक होने का प्रमाण नहीं माना जाना चाहिए।
क्या Meta को तुरंत भरना होगा जुर्माना?
अदालत ने कंपनी को 25 अरब डॉलर का भुगतान करने का आदेश दिया है, लेकिन Meta ने फैसले को चुनौती देने की घोषणा की है। अपील के दौरान जुर्माने और फैसले के अन्य पहलुओं पर कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ सकती है।




